सरकार लॉन्च करेगी यूनिवर्सल पेंशन स्कीम
सरकार जल्द ही एक यूनिवर्सल पेंशन स्कीम शुरू करने की योजना बना रही है। इसका उद्देश्य असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले लोगों को पेंशन की सुविधा देना है। वर्तमान में केवल सरकारी और कुछ प्राइवेट कर्मचारियों को पेंशन का लाभ मिलता है, लेकिन इस नई योजना से लाखों लोग वित्तीय सुरक्षा प्राप्त कर सकते हैं।
सभी वर्गों को मिलेगा लाभ
यह स्कीम सैलरीड क्लास और सेल्फ-एंप्लॉयड दोनों के लिए होगी। असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले लोग अपनी आय का अधिकतर हिस्सा दैनिक जरूरतों में खर्च कर देते हैं और वृद्धावस्था में आर्थिक कठिनाइयों का सामना करते हैं। इस पेंशन योजना से उन्हें भविष्य में वित्तीय सुरक्षा मिलेगी।
स्वैच्छिक योगदान, सरकार की ओर से कोई निवेश नहीं
सरकार इस स्कीम में कोई आर्थिक सहायता नहीं देगी। यह योजना पूरी तरह से स्वैच्छिक योगदान पर आधारित होगी। यानी जो भी इस योजना का लाभ लेना चाहता है, वह अपनी आय के अनुसार इसमें निवेश कर सकता है।
मौजूदा योजनाओं का हो सकता है विलय
सरकार कुछ मौजूदा पेंशन योजनाओं को इस नई स्कीम में विलय कर सकती है।
- नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के लिए निवेश करना मुश्किल होता है।
- अटल पेंशन योजना (APY) इसमें 1,000 से 5,000 रुपये तक की मासिक पेंशन मिलती है, लेकिन यह राशि अपर्याप्त मानी जाती है।
नई यूनिवर्सल पेंशन स्कीम NPS और APY के बीच का विकल्प होगी, जिससे असंगठित क्षेत्र के लोगों के लिए पेंशन सुरक्षित और सरल बन सके।
स्कीम की मुख्य विशेषताएं
असंगठित क्षेत्र के कामगारों को पेंशन की सुरक्षा मिलेगी।
सैलरीड और सेल्फ-एंप्लॉयड दोनों को इसका लाभ मिलेगा।
योगदान पूरी तरह स्वैच्छिक होगा।
सरकार की ओर से कोई वित्तीय सहायता नहीं दी जाएगी।
मौजूदा योजनाओं का विलय संभव है।