रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में उछाल
17 जनवरी 2025 को रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में 4% से अधिक की तेजी दर्ज की गई।
- यह उछाल कंपनी के मजबूत तिमाही नतीजों और ब्रोकरेज फर्मों द्वारा टारगेट प्राइस बढ़ाने के कारण आया।
- शुरुआती कारोबार में शेयर 4.4% बढ़कर ₹1,325 के उच्चतम स्तर पर पहुंचा।
- सुबह 10:19 बजे बीएसई पर यह ₹1,294 पर ट्रेड कर रहा था, जो 2% की बढ़त को दर्शाता है, जबकि सेंसेक्स 0.5% की गिरावट पर था।
ब्रोकरेज फर्मों का नजरिया
1. Nuvama Research
- रेटिंग खरीदारी की सलाह बरकरार।
- टारगेट प्राइस ₹1,673 प्रति शेयर।
2. Motilal Oswal
- रेटिंग खरीदारी की सलाह दोहराई।
- टारगेट प्राइस 26% बढ़ाकर ₹1,600 प्रति शेयर।
3. Kotak Institutional Equities
- रेटिंग ADD रेटिंग।
- टारगेट प्राइस ₹1,435।
4. HDFC Securities
- रेटिंग ADD रेटिंग।
- टारगेट प्राइस ₹1,670।
तिमाही नतीजों का विश्लेषण
1. Retail Segment
- EBITDA सालाना 9.1% और तिमाही आधार पर 16.7% की वृद्धि।
- B2C ग्रॉसरी बिक्री सालाना 37% की बढ़ोतरी।
2. O2C (Oil-to-Chemicals) Business
- EBITDA सालाना 2.4% और तिमाही आधार पर 16% की वृद्धि।
- प्रदर्शन अनुमानों से 7% बेहतर।
3. E&P (Exploration and Production) Segment
- EBITDA तिमाही आधार पर 5.2% बढ़कर ₹56 बिलियन।
4. Telecom Segment
- प्रदर्शन अपेक्षाकृत कमजोर।
- जुलाई 2024 की टैरिफ वृद्धि का प्रभाव सीमित।
5. Overall EBITDA
- EBITDA सालाना 8% और तिमाही आधार पर 12% बढ़कर ₹438 अरब।
IPO और कैपेक्स से ट्रिगर
- डिजिटल और रिटेल सेगमेंट के संभावित IPOs शेयर के लिए बड़ा ट्रिगर हो सकते हैं।
- FY23 में कंपनी का कैपेक्स ₹2.3 लाख करोड़ था।
- FY24 और FY25 में कैपेक्स ₹1.2-1.4 लाख करोड़ रहने की उम्मीद है।
- कैपेक्स में कमी से शुद्ध कर्ज में गिरावट होगी।
मूल्यांकन और निवेश अवसर
- पिछले 17% की गिरावट के बाद शेयर का मूल्यांकन निवेशकों के लिए आकर्षक हुआ है।
- FY27E के लिए
- P/E मल्टीपल 16.3x (पिछले 3 वर्षों के औसत 24.7x से कम)।
- EV/EBITDA 8.6x (औसत 12.6x से कम)।
निष्कर्ष
रिलायंस इंडस्ट्रीज का मजबूत तिमाही प्रदर्शन, रिटेल और O2C सेगमेंट में सस्टेनेबल ग्रोथ, और संभावित IPOs इसे निवेशकों के लिए आकर्षक विकल्प बनाते हैं।
- ब्रोकरेज फर्मों की सकारात्मक रेटिंग और मूल्यांकन में कमी के चलते निवेशकों को लंबी अवधि में अच्छा रिटर्न मिलने की संभावना है।